कांवड़ मेले से पहले लक्सर में हाहाकार! 2 क्विंटल एक्सपायरी खाना जब्त, लाइसेंस रद्द, जानें पूरा मामला!
हरिद्वार। आगामी कांवड़ मेला-2026 को लेकर श्रद्धालुओं की सुरक्षा और स्वास्थ्य को सर्वोपरि रखते हुए खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन हरिद्वार ने बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई से लक्सर क्षेत्र में मिलावटखोरों के बीच हड़कंप मच गया है। विभाग ने भारी मात्रा में एक्सपायरी खाद्य सामग्री जब्त कर मौके पर ही नष्ट कर दी, साथ ही संबंधित कारोबारी का लाइसेंस भी निरस्त कर दिया है।
लक्सर में खाद्य सुरक्षा विभाग का धाकड़ एक्शन: 2 क्विंटल एक्सपायरी सामग्री जब्त
खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन हरिद्वार की टीम ने लक्सर में ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए लगभग दो क्विंटल एक्सपायरी खाद्य पदार्थ जब्त किए। ये सभी खाद्य सामग्री असुरक्षित पाई गईं और इन्हें तत्काल मौके पर ही नष्ट कर दिया गया, ताकि इनकी बिक्री न हो सके और श्रद्धालुओं के स्वास्थ्य से कोई खिलवाड़ न हो। यह कार्रवाई विशेष रूप से कांवड़ मेला-2026 के मद्देनजर की गई है, जहाँ लाखों श्रद्धालु आते हैं।
तत्काल प्रभाव से फूड लाइसेंस निरस्त और कानूनी कार्रवाई की संस्तुति
इस बड़ी कार्रवाई के बाद, विभाग ने दोषी पाए गए खाद्य कारोबारी का फूड लाइसेंस तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। इसके साथ ही, उसके विरुद्ध न्यायालय में वाद दायर करने की भी संस्तुति कर दी गई है। यह कदम मिलावटखोरों को एक कड़ा संदेश देता है कि नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कोई रहम नहीं बरता जाएगा। विभाग का स्पष्ट उद्देश्य है कि मेले के दौरान केवल सुरक्षित एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री ही उपलब्ध हो।
राज्यव्यापी निरीक्षण अभियान: 74 में से 9 नमूने अधोमानक
सिर्फ लक्सर ही नहीं, बल्कि पूरे जिले में खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन हरिद्वार द्वारा एक विशेष निरीक्षण अभियान चलाया गया है। इस अभियान के तहत कुल 74 खाद्य नमूनों की जांच की गई, जिनमें से नौ नमूने अधोमानक (substandard) पाए गए। जनहित में इन सभी अधोमानक नमूनों को भी तत्काल नष्ट करा दिया गया। यह दर्शाता है कि विभाग खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह से सक्रिय है।
मिलावटखोरों पर खाद्य सुरक्षा आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय की सख्त चेतावनी
उत्तराखंड के खाद्य सुरक्षा आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय के मार्गदर्शन में यह अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया है कि कांवड़ मेला-2026 के दौरान खाद्य सुरक्षा में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मिलावटखोरी करने वालों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी ताकि लाखों श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुरक्षित भोजन मिल सके। यह कार्रवाई भविष्य में ऐसे अपराधों को रोकने के लिए एक मिसाल कायम करेगी।
