हरिद्वार में पुलिस का ‘ऑपरेशन प्रहार’: अब तक 8 गुंडे सलाखों के पीछे! आप भी जान लें पूरी खबर!
हरिद्वार पुलिस ने अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर शिकंजा कसते हुए ‘ऑपरेशन प्रहार’ के तहत बड़ी कार्रवाई की है। रानीपुर पुलिस ने लगातार अभियान चलाते हुए कुल 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जिससे वारंटियों और झगड़ा करने वालों में हड़कंप मच गया है।
‘ऑपरेशन प्रहार’ का जलवा: 4 वारंटी गिरफ्तार!
पुलिस मुख्यालय से निर्देशित और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हरिद्वार के आदेश पर प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रानीपुर के नेतृत्व में पुलिस टीमें लगातार सक्रिय हैं। हरिद्वार और गैर-जनपदों में वारंटियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। हाल ही में 28 और 29 अगस्त को टीमों ने कार्रवाई करते हुए चार महत्वपूर्ण वारंटियों को धर दबोचा:
- अंकित (उम्र 22, पुत्र रामनारायण, निवासी सुभाष नगर, ज्वालापुर): आबकारी अधिनियम से संबंधित मामले में वांछित।
- किरनपाल उर्फ रिकूं (उम्र 32, पुत्र घसीटालाल, निवासी फुटा कुआं हरिजन बस्ती, बहादराबाद): चोरी और चोरी का माल रखने सहित अन्य आरोपों में वांछित।
- प्रवेश (उम्र 34, पुत्र राजपाल, निवासी जमालपुर खुर्द, कोतवाली रानीपुर): गाली-गलौज और धमकी देने के मामले में पकड़ा गया।
- गुलजार (उम्र 32, पुत्र भोदू, निवासी मोहल्ला चौहान, ज्वालापुर): चोरी और चोरी के माल से संबंधित मामले में वांछित।
पुलिस ने इन चारों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इस कार्रवाई में अपर उपनिरीक्षक मोहन सिंह, अपर उपनिरीक्षक सुबोध घिल्डियाल, कांस्टेबल गंभीर तोमर, कांस्टेबल करम सिंह और कांस्टेबल मंजीत राणा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
शांतिभंग करने वाले भी नहीं बख्शे गए: 2 लोग हिरासत में!
‘ऑपरेशन प्रहार’ केवल वारंटियों तक ही सीमित नहीं है, बल्कि शांति व्यवस्था भंग करने वालों पर भी पुलिस की पैनी नजर है। 28 अगस्त की रात संजयनगर टिबड़ी क्षेत्र में लड़ाई-झगड़े की सूचना पर रानीपुर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। वहां अक्षय (पुत्र धूम सिंह, निवासी संजयनगर टिबड़ी) और शेखर कुमार (पुत्र प्रेमचंद्र, निवासी संजयनगर) आपस में मारपीट और झगड़े पर उतारू थे।
पुलिस के समझाने के बावजूद जब वे शांत नहीं हुए, तो कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए दोनों के खिलाफ शांतिभंग के तहत कार्रवाई की गई। इस कार्रवाई में कांस्टेबल दिग्पाल राणा और कांस्टेबल विजयपाल शामिल रहे। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में शांति और कानून व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता है, और सार्वजनिक व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
अपराधियों में खौफ, पुलिस का दबदबा!
हरिद्वार पुलिस की लगातार दबिश और कार्रवाई से न केवल वारंटियों में खौफ का माहौल है, बल्कि कई अपराधी स्वयं न्यायालय में आत्मसमर्पण भी कर रहे हैं। यह ‘ऑपरेशन प्रहार’ की सफलता को दर्शाता है और यह सुनिश्चित करता है कि हरिद्वार जनपद में कानून का राज कायम रहे।


