आरटीओ कार्यालय में सख़्त सुरक्षा व निरीक्षण: बिना लाइसेंस सेकंड-हैंड वाहन डीलरों पर कार्रवाई
हरिद्वार। एआरटीओ निखिल शर्मा के नेतृत्व में आरटीओ कार्यालय परिसर में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने हेतु विशेष निरीक्षण अभियान चलाया गया। निरीक्षण दल में टीटीओ वरुणा सैनी, भारत भूषण और मुकेश भारती भी शामिल रहे।
सुदृढ़ सुरक्षा प्रबंध हेतु विशेष निरीक्षण
अधिकारियों ने प्रवेश व्यवस्था, सुरक्षा मानक तथा आगंतुक निगरानी प्रणाली का विस्तृत परीक्षण किया। जाँच के दौरान यह पाया गया कि बाहरी व्यक्तियों की अनधिकृत आवाजाही रोकने के लिए मौजूदा नियमों को और कठोरता से लागू करने की आवश्यकता है।
प्रवेश व्यवस्था होगी और सख़्त
- किसी भी आगंतुक को तब तक परिसर में प्रवेश नहीं मिलेगा जब तक वह आगंतुक रजिस्टर में नाम, मोबाइल नंबर और आगमन उद्देश्य दर्ज न कर दे।
- प्रवेश द्वार पर तैनात कर्मियों को रजिस्टर प्रक्रिया का पूर्ण पालन सुनिश्चित करने के निर्देश।
सेकंड-हैंड वाहन डीलरों पर औचक कार्रवाई
निरीक्षण दल ने सेकंड-हैंड वाहन विक्रेताओं का भी औचक निरीक्षण किया। नियमों के अनुसार, ऐसी हर खरीद-फरोख्त के लिए परिवहन विभाग का डीलर लाइसेंस अनिवार्य है।
निरीक्षण के प्रमुख निष्कर्ष
- कुल 5 डीलरों की जाँच की गई।
- केवल Maruti True Value के पास वैध डीलर लाइसेंस पाया गया।
- शेष 4 डीलर बिना लाइसेंस के वाहन खरीद-फरोख्त करते मिले।
100 से अधिक वाहन ब्लैकलिस्ट
बिना लाइसेंस वाले डीलरों के परिसर में 100+ वाहन खड़े पाए गए। नियमों के उल्लंघन पर:
- इन सभी वाहनों को ब्लैकलिस्ट किया गया।
- Transfer of Ownership प्रक्रिया तत्काल प्रभाव से रोक दी गई।
- संबंधित डीलरों को नोटिस जारी, लाइसेंस प्राप्त किए बिना कोई भी बिक्री-खरीद गतिविधि न करने का निर्देश।
विभाग का कड़ा संदेश
एआरटीओ निखिल शर्मा ने स्पष्ट किया कि नियमों का उल्लंघन करने पर आगे भी इसी तरह की कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। सभी डीलरों से अनुरोध है कि वे तत्काल वैध लाइसेंस लें और प्रचलित कानूनों का पालन करें।
