हरिद्वार: महिलाओं को ₹1.78 करोड़ का बंपर तोहफा! रीप परियोजना से आत्मनिर्भरता की नई उड़ान
उत्तराखंड राज्य स्थापना की रजत जयंती सप्ताह पर हरिद्वार में ग्रामोत्थान (रीप) परियोजना ने महिलाओं को आर्थिक सशक्तिकरण का बड़ा उपहार दिया। शनिवार को विभिन्न विकासखंडों के क्लस्टर लेवल फेडरेशन (सीएलएफ) को कुल ₹1,78,03,000 के चेक वितरित किए गए। यह राशि अल्ट्रापुअर, फार्म और नॉन-फार्म गतिविधियों के लिए है, जो ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का मील का पत्थर साबित होगी।
विकासखंडवार बंटी राशि, भव्य कार्यक्रम
कार्यक्रम ऋषिकुल आयुर्वेदिक महाविद्यालय के ऑडिटोरियम में आयोजित हुआ, जहां राज्य मंत्री ओमप्रकाश जमदग्नि, जिला पंचायत अध्यक्ष राजेंद्र सिंह चौधरी और महापौर किरण जैसल ने चेक सौंपे। विकासखंडवार वितरण इस प्रकार रहा: बहादराबाद को ₹52,33,000, नारसन को ₹45,90,000, लक्सर को ₹39,75,000, रुड़की को ₹22,75,000 और खानपुर को ₹17,30,000।

लक्सर तहसील सभागार में भी समानांतर कार्यक्रम चला, जहां मंत्री जमदग्नि, अमरीश गर्ग और जितेंद्र चौधरी ने लाभार्थियों को सम्मानित किया। जिलाधिकारी मयूर दीक्षित और जिला परियोजना प्रबंधक संजय सक्सेना सहित अधिकारी मौजूद रहे।
महिला सशक्तिकरण का नया दौर
रीप परियोजना का लक्ष्य ग्रामीण महिलाओं को स्व-सहायता समूहों (SHGs) के जरिए उद्यमिता और वित्तीय प्रबंधन में सक्षम बनाना है। यह राशि कृषि और गैर-कृषि गतिविधियों में लगेगी, जिससे आय बढ़ेगी, रोजगार सृजित होंगे और पलायन रुकेगा। राज्य मंत्री ने कहा, “यह आत्मनिर्भर उत्तराखंड का विजन है, जहां महिलाएं समाज को नई दिशा दे रही हैं।”
कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और SHG सदस्याओं ने उत्साह दिखाया, जो ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने का संकेत है।
